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पंजाब कांग्रेस में घमासान, चुनाव से पहले राजा वडिंग का इस्तीफा, अब कौन संभालेगा कमान?

पंजाब कांग्रेस में घमासान, चुनाव से पहले राजा वडिंग का इस्तीफा, अब कौन संभालेगा कमान? पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। पार्टी जल्द ही नए अध्यक्ष का नाम घोषित करेगी। पूर्…

livehindustan.com के अनुसार30 सितंबर 2026 को 08:05 pm बजे
पंजाब कांग्रेस में घमासान, चुनाव से पहले राजा वडिंग का इस्तीफा, अब कौन संभालेगा कमान?

सौजन्य से:- livehindustan.com

पंजाब कांग्रेस में घमासान, चुनाव से पहले राजा वडिंग का इस्तीफा, अब कौन संभालेगा कमान?

पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। पार्टी जल्द ही नए अध्यक्ष का नाम घोषित करेगी। पूर्व मंत्री विजय इंदर सिंगला इस पद के सबसे मजबूत दावेदार बताए जा रहे हैं।

पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस के अंदर बवाल जारी है। आपसी खींचतान के बीच खबर है कि पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। सूत्रों के अनुसार, पार्टी अगले एक-दो दिन में उनके उत्तराधिकारी का नाम घोषित कर सकती है। पूर्व मंत्री विजय इंदर सिंगला इस पद के सबसे मजबूत दावेदार बताए जा रहे हैं। राजा वडिंग 2024 में लुधियाना से सांसद चुने गए थे। उन्होंने अप्रैल 2022 में पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी की कमान संभाली थी। उस समय पार्टी आम आदमी पार्टी से बड़ी हार झेल चुकी थी और अंदरूनी मतभेद बहुत ज्यादा थे। ये मतभेद कभी पूरी तरह खत्म नहीं हुए। हाल के महीनों में ये झगड़े और बढ़ गए थे।

बताया जाता है कि पार्टी में मुख्य रूप से दो गुट चल रहे थे। एक गुट राजा वडिंग के साथ था। दूसरा गुट पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के साथ था। 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने कैप्टन अमरिंदर सिंह को हटाकर चन्नी को मुख्यमंत्री बनाया था। नवजोत सिंह सिद्धू उस समय पार्टी छोड़ चुके थे, लेकिन पुरानी अंदरूनी लड़ाई एक बार फिर सामने आने लगी थी। जुलाई में हाईकमान ने राजा वडिंग को अध्यक्ष बनाए रखने का फैसला किया था। उस समय पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल राजा वडिंग के पक्ष में दिखे थे।

जब दोनों गुटों के बीच ताकत दिखाने की खबरें पंजाब और देशभर में आने लगीं, तो सेंट्रल लीडरशिप ने सितंबर में बदलाव किए। महीने के पहले हफ्ते में भूपेश बघेल को पंजाब प्रभारी पद से हटा दिया गया। उनकी जगह सचिन पायलट को यह जिम्मेदारी दी गई। पायलट राजस्थान के पूर्व उपमुख्यमंत्री और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव हैं। उन्हें राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के करीबी युवा नेता माना जाता है। पायलट का पहला काम सभी गुटों को साथ लेकर एक प्रदर्शन रैली करवाना था।

1 जुलाई को पार्टी ने कहा था कि राजा वडिंग अध्यक्ष बने रहेंगे और चन्नी चुनाव प्रचार समिति के प्रमुख रहेंगे। चन्नी और कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रताप सिंह बाजवा इस फैसले से संतुष्ट नहीं थे। सुखजिंदर सिंह रंधावा, जो राजा वडिंग की तरह जाट सिख समुदाय से हैं, चन्नी का समर्थन करते दिखे। विजय इंदर सिंगला बनिया व्यापारी समुदाय के जाने-माने हिंदू नेता हैं। उन्हें चुनाव प्रबंधन समिति का प्रमुख बनाया गया था, लेकिन अध्यक्ष पद की सूची में उनका नाम पहले शामिल नहीं था। जालंधर कैंट के विधायक और पूर्व हॉकी कप्तान परगट सिंह को न्यूट्रल चेहरा माना जा रहा था।

सूत्रों के मुताबिक अब विजय इंदर सिंगला नए अध्यक्ष पद के सबसे आगे हैं। परगट सिंह और गुरदासपुर के सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा भी दौड़ में हैं। पार्टी अगले 24 से 48 घंटों में फैसला कर सकती है। बता दें कि पंजाब में विधानसभा चुनाव 2027 की शुरुआत में होने हैं। कांग्रेस को मुख्यमंत्री भगवंत मान की आम आदमी पार्टी सरकार से मुकाबला करना है। उससे पहले ही पार्टी के अंदर घमासान जारी है।

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